चाँद भी रोज कट कट कर मरता
और कट-कट कर जीता है
'विश्व' को क्या पता,
वो तो सिर्फ 'पूनम' की,
चाँदनी को पीता है।।
पूनम🤔
।।बिना बुद्धि विषम विद्या।।, यूँ तो, यह कहावत बहुत पुरानी है। पर, मेरे दिमाग में बचपन से ही अंकित है क्योंकि मैं अपने दादाजी से अक्सर यह वा...
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